मैं अगर लड़खडाऊ, तो
“मैं अगर लड़खडाऊ, तो
हाथ मेरा थाम लेना।
मैं अगर मुस्कुराऊ, तो
साथ मेरा दे देना।
हाथ मेरा थाम लेना।
मैं अगर मुस्कुराऊ, तो
साथ मेरा दे देना।
मैं अगर इतराऊ, तो
रपट मुझे लगा देना।
मैं अगर चिल्लाऊ, तो
उस वक्त संभाल लेना।
और फिर भी न समझूं, तो
जो चाहे सजा दे देना।
पर इतना जान लो, भूल से भी
साथ छोड़कर न चल देना।।“
: संदीप शिवहरे
रपट मुझे लगा देना।
मैं अगर चिल्लाऊ, तो
उस वक्त संभाल लेना।
और फिर भी न समझूं, तो
जो चाहे सजा दे देना।
पर इतना जान लो, भूल से भी
साथ छोड़कर न चल देना।।“
: संदीप शिवहरे
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